फुटबॉल (Football) खेल के नियम और इसका इतिहास 2021

दोस्तों सभी फुटबॉल प्रेमियों के लिए यह आर्टिकल बहुत इंटरेस्टिंग होने वाला हैं क्योकि इस आर्टिकल में हम बात करेंगे फुटबॉल खेल के नियम और इसके इतिहास से जुडी पूरी जानकारी विस्तार से।

फुटबॉल को विश्वभर में बहुत पसंद किया जाता हैं और हो सकता हैं आपकी भी इस खेल में रूचि हो या आपका भी यह पसंदीदा खेल हो।

बहुत से लोगो को फुटबॉल खेल पसंद तो होता हैं लेकिन उन्हें इस खेल के नियमो के बारे में पता नहीं होता हैं तो उन लोगो के लिए यह पोस्ट बहुत हेल्पफुल साबित होगा क्योकि इस आर्टिकल में हम फुटबॉल खेल के नियमो की पूरी जानकारी देने वाले हैं और साथ ही साथ फुटबॉल से सम्बंधित और भी रोचक जानकारी।

इसलिए आपको क्या करना हैं इस पोस्ट को शुरू से अंत तक पूरा और ध्यानपूर्वक पड़ना हैं। जिससे आपको इस खेल के सभी नियम अच्छे से समझ आ सके।

फुटबॉल के बारे में जानकारी हिंदी में

अब हम आगे फुटबॉल से सम्बंधित जानकारी जैसे फुटबॉल खेल में कितने नियम होते हैं और इसके नियमो की जानकारी और इस खेल का खेलने के तरीके और इस खेल के इतिहास की पूरी जानकारी देने वाले हैं।

आपको यह तो पता ही होगा की यह खेल दो टीमों के बीच खेला जाता हैं और दोनों टीमों के 11-11 खिलाडी एक समय में मैदान में उतरते हैं। उसके बाद यह मैच 90 मिनट तक चलता हैं जिसमे 45-45 मिनट के दो हाफ होते हैं।

इस समय में अगर कोई खिलाडी घायल हो जाता हैं तो कुछ समय के लिए खेल को रोक दिया जाता हैं और ट्रीटमेंट के बाद खेल पुनः शुरू हो जाता हैं और अंत में समय पूर्ण हो जाने के बाद जिस टीम द्वारा ज्यादा गोल किये होते हैं उसे विजेता घोषित किया जाता हैं।

लेकिन इस खेल के बहुत सारे नियम होते हैं और उन नियमो को ध्यान में रखते हुए ही इस खेल को खेला जाता हैं तो चलिए एक नजर इस खेल के नियमो पर डालते हैं।

फुटबॉल खेल के नियम

फुटबॉल के नियम
फुटबॉल खेल का इतिहास
फुटबॉल में कितने नियम होते हैं
फुटबॉल के बारे में जानकारी हिंदी में
फुटबॉल खेलने का तरीका

चलिए अब हम फुटबॉल खेलने से सम्बंधित जानकारी प्राप्त कर लेते हैं। या जान लेते हैं की फुटबॉल में कितने नियम होते हैं और कौन कौन से नियम होते हैं।

  • स्ट्राइकर – इनका मुख्य कार्य गोल मारना होता हैं।
  • डिफेंडर्स – डिफेंडर्स यानि डिफेन्स करना होता हैं। यह अपनी विरोधी टीम को गोल करने से रोकने का प्रयास करते हैं।
  • मिडफ़ील्डर्स – इनका मुख्य काम होता हैं अपनी विरोधी टीम से बॉल छीनकर अपनी टीम के खिलाडी को पास करना और उसे गोल तक पहुँचाना।
  • गोलकीपर – गोलकीपर का काम होता हैं गोल होने से रोकना और यह काम उन्हें गोल पोस्ट के सामने खड़े रहकर ही करना होता हैं। इस दौरान वह हाथो का भी इस्तेमाल कर सकते हैं।

फुटबॉल किक के नियम

अब हम फुटबॉल किक से सम्बंधित नियमो की जानकारी पर एक नजर डालते हैं।

  • गोल किक – जब किसी खिलाडी द्वारा बॉल गोल रेखा से पूरी तरह बाहर चली जाये तो बिना गोल के ही स्कोर होता हैं और विरोधी टीम को एक किक मारने का मौका मिलता हैं।
  • थ्रो इन – जब किसी खिलाडी द्वारा किक मारने पर बॉल पूरी तरह रेखा से बाहर चली जाये तब उस विरोधी टीम को इनाम में मिलती हैं जो आखिरी बार छुए।
  • इन डायरेक्ट फ्री किक – जब बिना किसी फाउल के बॉल को बाहर भेज दिया जाये और खेल रुक जाये तब यह किक विरोधी टीम को ईनाम में मिलती हैं।
  • कार्नर किक – जब डिफेन्स करने वाली टीम से बिना गोल के गोल रेखा के बाहर चली जाती हैं तो हमलावर टीम को कार्नर किक का मौका मिलता हैं।

फुटबॉल में फाउल के नियम

चलिए अब हम फुटबॉल में होने वाले फाउल के नियम जान लेते हैं।

1. Yellow Card – यदि खेल के दौरान कोई खिलाडी गलत व्यवहार करता हैं या किसी खिलाडी के दुर्व्यवहार के कारण रेफरी उस खिलाडी को येलो कार्ड दिखाकर मैच के बाहर भेज सकता हैं।

2. Red Card – यदि कोई खिलाड़ी येलो कार्ड दिखाने के बावजूद भी अपने व्यवहार में बदलाव नहीं कर रहा हैं तो उसे रेड कार्ड दिखाकर मैदान से बाहर भेज दिया जाता हैं। साथ ही साथ उसकी जगह किसी नए खिलाडी को भी नहीं लाया जाता हैं जिससे उस टीम में एक खिलाड़ी कम हो जाता हैं।

3. ऑफ़साइड नियम – इस नियम के अनुसार आगे के प्लेयर बिना बॉल का बचाव करते हुए विरोधी टीम के खिलाड़ियों के आगे नहीं जा सकते हैं। खासकर जब विरोधी टीम के गोल पोस्ट के पास कोई खिलाड़ी ऐसा करता हैं तो उसे फाउल माना जाता हैं।

तो दोस्तों यह तो थे फुटबॉल खेल के कुछ नियम और आशा करते हैं आपको यह जरूर पसंद आये होंगे आगे हम फुटबॉल खेलते कैसे हैं इसके तरीके के बारे में जान लेते हैं।

फुटबॉल खेलने का तरीका

जैसा की हमने ऊपर बात की थी की यह खेल दो टीमों के मध्य खेला जाता हैं और प्रत्येक टीम में ग्यारह खिलाड़ी होते हैं। यह ग्यारह खिलाड़ी अपने गोल पोस्ट में गोल होने से बचाने का और दूसरी तरफ गोल करने का प्रयास करते हैं।

पूरा खेल 90 मिनट का होता हैं जिसमे 45-45 मिनट के दो हाफ होते हैं और इसके अलावा कुछ एक्स्ट्रा समय होता हैं जिसे जरुरत पड़ने पर काम में लिया जाता हैं।

इस खेल में अम्पायर के रूप में रेफरी होते हैं जो इस मैच के निर्णायक होते हैं और उनका निर्णय ही अंतिम निर्णय होता हैं। इस खेल में एक मुख्य रेफरी और साथ में दो सहायक रेफरी भी होते हैं।

खेल की शुरुआत टॉस के साथ होती हैं और टॉस जीतने वाली टीम का कप्तान ही तय करता हैं की उसकी टीम किक ऑफ करेगी या गोल पोस्ट पर अटैक करेगी। उसके बाद जब भी मैच में किसी भी टीम द्वारा गोल होता हैं तो बॉल को सेंटर लाइन में रखकर खेल पुनः शुरू किया जाता हैं।

फुटबॉल खेल का इतिहास

फुटबॉल यानि की फुट+बॉल यानि की इस खेल में बॉल को पैरो से लात मारकर खेला जाता हैं इसलिए इसका नाम फुटबॉल पड़ गया हालांकि इस शब्द के उत्पति की पूरी जानकारी नहीं हैं और इस शब्द की उत्पति के बारे में अलग-अलग लोगो को अलग-अलग राय हैं।

फीफा के अनुसार फुटबॉल को चीनी खेल सुजू का विकसित रूप माना जाता हैं जिसे चीन के हां वंश द्वारा खेला जाता था। जापान में असुका वंश के काल में फुटबॉल को केमरी के नाम से खेला जाता था। सन 1878 में एक किताब के रूप में रोबर्ट ब्रोज़ स्मिथ में फुटबॉल के विकास के सफ़रनाम को पेश किया था।

15वीं शताब्दी में फुटबॉल

15वीं शताब्दी के आस पास स्कॉटलैंड में फुटबॉल नाम का खेल खेला जाता था और 1424 ईस्वी में फुटबॉल एक्ट के तहत इस खेल को प्रतिबंधित कर दिया गया था। हालाँकि यह प्रतिबंधित ज्यादा समय तक नहीं रहा लेकिन तब तक इस खेल के प्रति लोगो की रूचि कम हो चुकी थी।

उसके बाद एक लम्बे समय के बाद उनीसवीं शताब्दी में इस खेल का पुनर्विकास हुआ लेकिन दूसरे कई स्थानों पर इस खेल को खेला जा रहा था।

20वीं शताब्दी में फुटबॉल

20वीं शताब्दी में इस खेल की नियमित देखभाल के लिए किसी संस्था की आवश्यकता होने लगी और इसके लिए इंग्लिश फुटबॉल एसोसिएशन के कई सभाये भी आयोजित की।

इसके फलस्वरूप यूरोप के सात बड़े देशो ने मिलकर 21 मई 1904 में फेडरेशन इंटरनेशनल और फुटबॉल एसोसिएशन(FIFA) की स्थापना की।

इसमें सात देश फ्रांस, बेल्जियम, डेनमार्क, नीदरलैंड, स्पेन, स्वीडन और स्विटज़रलैंड शामिल थे। और फीफा के पहले अध्यक्ष के रूप में रोबर्ट गुएरिन को चुना गया।

वर्तमान में फुटबॉल की स्थिति

वर्तमान में राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर कई फुटबॉल क्लबों की स्थापना हो चुकी हैं और फुटबॉल को बहुत बड़े पैमाने पर खेला जा रहा हैं और साथ ही साथ राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर इसके मैच होते हैं।

इस खेल का सबसे बड़ा मुकाबला फुटबॉल विश्वकप होता हैं और इसे बहुत से लोगो द्वारा पसंद भी किया जाता हैं।

फुटबॉल गेंद का माप क्या होता हैं?

फुटबॉल गेंद लगभग 58cm से 61cm के मध्य की परिधि की एक वृत्ताकार गेंद होती हैं।

फुटबॉल के मैदान का माप क्या होता हैं?

फुटबॉल मैदान की लम्बाई 100 मीटर से 110 मीटर होती हैं और चौड़ाई 64 मीटर से 75 मीटर तक होती हैं। इस प्रकार यह एक आयताकार मैदान होता हैं।

दोस्तों आशा करते हैं आपको हमारी शेयर की गयी फुटबॉल के बारे में जानकारी हिंदी में जरूर पसंद आयी होगी और यह जानकारी आपके लिए बहुत हेल्पफुल साबित हुई होगी।

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